दुनिया की सबसे पुरानी आपात फोन सेवा ने 80 साल पूरे किए

लंदन, 4 जुलाई : ब्रिटेन में दुनिया के सबसे पहले आपात टेलीफोन लाइन के 80 साल पूरे होने का जश्न मनाया गया। ब्रिटिश पुलिस बलों ने शनिवार को आपात फोन सेवा नंबर 999 की 80वीं वर्षगांठ मनाई।

समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, ब्रिटेन में 80 साल पहले एक जुलाई, 1937 को आपात स्थिति में पुलिस, अग्निशमन विभाग, एंबुलेंस और तटरक्षक बलों को बुलाने के लिए इस नंबर (999) को शुरू किया गया था।

इस अवसर पर लंदन की मेट्रोपोलिटन पुलिस ने बताया कि कैसे शुरुआती दिनों में स्कॉटलैंड यार्ड के चुनिंदा पुलिस अधिकारी ही मोर्स कोर्ड के जरिए 999 पर संदेशों का प्रसारण करते थे।

लेकिन समय बेहद तेजी से आगे निकल चुका है और आज ब्रिटेन में बो, हेंडन और लैंबेथ स्थित तीन अत्याधुनिक केंद्रीकृत संचार कार्यालयों से आपात सेवाओं का संचालन होता है।

शुरुआती दिनों में ओल्ड विक्टोरिया एम्बैंकमेंट में स्थित स्कॉटलैंड यार्ड के 24 अधिकारी एक दिन में कुछ सौ फोन कॉल ही ले पाते थे।

लेकिन अब बो, हेंडन और लैंबेथ में स्थित तीन अत्याधुनिक संचार कार्यालयों में 2,000 से अधिक कर्मचारी काम करते हैं और हर रोज ‘999’ पर 20,000 से अधिक कॉल रिसीव करते हैं।

टेलीग्राम के जरिए किसी अपराधी को गिरफ्तार करने में पहली सफलता 1845 में मिली थी, वहीं 1910 में लंदन, कनाडा और अटलांटिक स्थित एक पोत के बीच टेलीग्राम संदेशों के आदान-प्रदान के बाद कुख्यात हत्यारे डॉक्टर क्रिपेन को गिरफ्तार किया गया था।

एक संसदीय समिति ने अपनी जांच के बाद आपात सेवा के लिए एक ऐसे नंबर की सिफारिश की थी, जो लोगों द्वारा आसानी से याद किया जा सके और टेलीफोन ऑपरेटर जिसे आसानी से पहचान सकें।

शुरुआत में आपात सेवा के लिए 111, 222 और 0000 नंबरों की सिफारिश की गई थी, जिन्हें ठुकरा दिया गया था। इसके बाद आपात सेवा के लिए 999 नंबर को स्वीकृति दी गई और हजारों पारंपरिक लाल रंग वाले टेलीफोन बूथों से एक जुलाई, 1937 को यह आपात सेवा नंबर निशुल्क शुरू की गई।

शुरुआती दिनों में कुछ महिला टेलीफोन ऑपरेटर आपात सेवा से आने वाले कॉल की ध्वनि से इतनी डरी हुई रहती थीं, कि फोन आने पर वे मूर्छित हो गईं।

–आईएएनएस