केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने परिसीमन को लेकर दक्षिणी राज्यों के साथ भेदभाव के आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर भ्रांति फैलाने की आवश्यकता नहीं है और सरकार पूरी पारदर्शिता के साथ काम कर रही है।
उन्होंने जानकारी दी कि मोदी कैबिनेट ने जाति जनगणना कराने का निर्णय ले लिया है और वर्तमान में जारी जनगणना उसी आधार पर की जा रही है।
गृह मंत्री ने एक ग्राफ के माध्यम से दक्षिणी राज्यों की मौजूदा और परिसीमन के बाद की स्थिति को दर्शाया।