एमएसडीयू परिसर में 2500 दीपों से जगमगाएगा ‘आशीर्वाद का दीया’

  • whatsapp
  • Telegram
एमएसडीयू परिसर में 2500 दीपों से जगमगाएगा ‘आशीर्वाद का दीया’
X



आजमगढ़, 17 सितंबर 2026। महाराजा सुहेल देव विश्वविद्यालय, आजमगढ़ के परिसर में सेवा संकल्प समिति के तत्वावधान में 17 सितंबर 2026 को शाम 7:00 बजे ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर विश्वविद्यालय परिसर में एक साथ 2500 दीप प्रज्वलित किए जाएंगे। कार्यक्रम को लेकर समिति की ओर से सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।

विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. संजीव कुमार ने कहा कि दीप प्रज्वलन भारतीय संस्कृति में प्रकाश, आशा और मंगलकामना का प्रतीक है। ‘आशीर्वाद का दीया’ जैसे आयोजन विद्यार्थियों, शिक्षकों और समाज में सेवा, संस्कार तथा सामूहिक सहभागिता की भावना को मजबूत करते हैं। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय शैक्षणिक उत्कृष्टता के साथ-साथ सामाजिक सरोकारों और मानवीय मूल्यों के संवर्धन के लिए भी प्रतिबद्ध है। ऐसे आयोजन सकारात्मक ऊर्जा और आपसी सहयोग की भावना को बढ़ावा देते हैं।

सेवा संकल्प समिति के समन्वयक डॉ. देवेंद्र कुमार पाण्डेय ने बताया कि कार्यक्रम की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। दीपों की व्यवस्था, आयोजन स्थल की सज्जा और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा चुका है। उन्होंने समिति के सभी सम्मानित सदस्यों से निर्धारित समय पर विश्वविद्यालय परिसर में उपस्थित होकर कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग करने की अपील की। डॉ. पाण्डेय ने कहा कि 2500 दीपों का प्रज्वलन केवल प्रकाश का उत्सव नहीं, बल्कि सेवा, सद्भाव और सकारात्मक सोच के सामूहिक संकल्प का प्रतीक होगा। उन्होंने सभी सदस्यों से कार्यक्रम में उत्साहपूर्वक सहभागिता करने का आह्वान किया।

एमएसडीयू में 1448 छात्राओं में से 1438 ने कराया आधार सत्यापन, 21 सितंबर तक शपथ पत्र जमा करने के निर्देश

आजमगढ़, 16 सितंबर 2026। उत्तर प्रदेश शासन द्वारा संचालित रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के अंतर्गत आवेदन एवं सत्यापन प्रक्रिया से संबंधित पोर्टल बुधवार को बंद कर दिया गया। महाराजा सुहेल देव विश्वविद्यालय, आजमगढ़ में योजना के नोडल अधिकारी डॉ. देवेंद्र कुमार पाण्डेय ने बताया कि विश्वविद्यालय स्तर पर योजना के लिए कुल 1448 छात्राओं का विवरण प्राप्त हुआ था, जिसमें से 1438 छात्राओं ने आधार सत्यापन की प्रक्रिया पूरी कर ली है।

डॉ.पाण्डेय ने बताया कि सत्यापित छात्राओं में 42 निराश्रित छात्राएं तथा एक दिव्यांग छात्रा भी शामिल हैं। विश्वविद्यालय स्तर पर योजना से संबंधित प्रक्रिया को निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुरूप आगे बढ़ाया जा रहा है।

उन्होंने बताया कि जिन छात्राओं का आधार सत्यापन हो चुका है, उन्हें विश्वविद्यालय द्वारा निर्गत शपथ पत्र 21 सितंबर 2026 तक नोडल अधिकारी के पास अनिवार्य रूप से जमा करना होगा। छात्राओं से अपील की गई है कि वे निर्धारित समय-सीमा का विशेष ध्यान रखते हुए अपना शपथ पत्र समय से जमा कर दें, ताकि योजना से संबंधित आगामी प्रक्रिया में किसी प्रकार की कठिनाई न हो।

विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से छात्राओं से कहा गया है कि शपथ पत्र जमा करने से पहले उसमें दर्ज सभी विवरणों की भली-भांति जांच कर लें। निर्धारित तिथि के बाद दस्तावेज जमा करने की स्थिति में उत्पन्न होने वाली किसी भी समस्या के लिए संबंधित छात्रा स्वयं जिम्मेदार होगी।विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. संजीव कुमार का मानना है कि रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के माध्यम से छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करने तथा उनकी आवागमन संबंधी सुविधा को बेहतर बनाने का उद्देश्य है। एमएसडीयू में योजना से संबंधित प्रक्रिया को व्यवस्थित रूप से पूरा कराने के लिए नोडल अधिकारी एवं संबंधित टीम द्वारा आवश्यक कार्यवाही की जा रही है।

Next Story
Share it