प्रधानमंत्री के 76वें जन्मदिवस पर सेवा का महासंकल्प: 76 टीबी रोगियों को पोषण पोटली का वितरण
आजमगढ़, 17 सितंबर। महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय (एमएसडीयू) में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 76वें जन्मदिवस को सेवा पखवाड़े के रूप में सेवा और...

आजमगढ़, 17 सितंबर। महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय (एमएसडीयू) में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 76वें जन्मदिवस को सेवा पखवाड़े के रूप में सेवा और...
आजमगढ़, 17 सितंबर। महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय (एमएसडीयू) में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 76वें जन्मदिवस को सेवा पखवाड़े के रूप में सेवा और संवेदना के महापर्व के रूप में मनाया गया। राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम के तहत 76 चिन्हित टीबी रोगियों को पोषण आहार पोटली वितरित की गई, तो शाम को 'आशीर्वाद का दीया' कार्यक्रम में 2500 दीपों के सामूहिक प्रज्वलन से पूरा परिसर प्रकाश से जगमगा उठा।विश्वविद्यालय द्वारा गोद लिए गए पांच गांवों सहित जनपद के विभिन्न ब्लॉकों से आए जरूरतमंद रोगियों को सम्मान के साथ यह सहायता दी गई। यह कुलपति प्रो. संजीव कुमार के सहयोग से आयोजित चौथा पोषण वितरण कार्यक्रम है, जो यह सिद्ध करता है कि नेतृत्व पद से नहीं, सेवा भाव से बड़ा होता है। इस माध्यम से टीबी उन्मूलन में जनभागीदारी और सामाजिक सहयोग का सशक्त संदेश दिया गया।"रोग से लड़ना है, रोगी से नहीं"
इस अवसर पर कुलपति प्रो. संजीव कुमार ने कहा, "टीबी मुक्त भारत का संकल्प केवल दवाओं से पूरा नहीं होगा। इसके लिए पौष्टिक आहार, निरंतर देखभाल और समाज के संवेदनशील सहयोग की आवश्यकता है। हमें टीबी को लेकर फैली भ्रांतियों और भेदभाव को समाप्त करना होगा। हमें रोग से लड़ना है, रोगी से नहीं।"उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय केवल डिग्री देने का केंद्र नहीं, समाज निर्माण की प्रयोगशाला है। गोद लिए गांवों में स्क्रीनिंग और जनजागरूकता अभियान निरंतर जारी रहेगा । कार्यक्रम में रोगियों को नियमित दवा सेवन और संतुलित आहार के लिए प्रेरित किया गया।
कार्यक्रम का संचालन डॉ.योगेश कुमार त्रिपाठी ने किया| इस अवसर पर रजिस्ट्रार अमृत लाल, सहायक कुलसचिव डॉ. महेश कुमार श्रीवास्तव, नित्यानंद, नोडल अधिकारी मंगला प्रसाद, डॉ. परमानंद पाण्डेय, डॉ. रेनू तिवारी, डॉ. सपना त्रिपाठी, डॉ. भंवर लाल, डॉ. विजय प्रकाश उपाध्याय, प्रो. जय सिंह, प्रो. प्रशांत राय, प्रो. अजित राय, प्रो. वीरेन्द्र दुबे, डॉ. सचिन राय और डॉ. शशि प्रकाश शुक्ला सहित अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे। आयोजन में श्री जगदीश प्रसाद नारायण सहाय सिंह महाविद्यालय, रघ्घूपुर के प्रबंधक अमित पाण्डेय का विशेष सहयोग रहा।
दूसरे चरण में कुलपति ने कहा कि दीप भारतीय संस्कृति में अंधकार पर प्रकाश की विजय का प्रतीक है। एक दीया छोटा हो सकता है, पर जब 2500 दीये एक साथ जलते हैं तो वे गहन अंधकार को भी मिटा देते हैं। यही सामूहिक शक्ति सेवा का मूल है। समिति के समन्वयक डॉ. देवेंद्र कुमार पाण्डेय ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया।





