रोवर्स/रेंजर्स प्रवेश प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ, ध्वजारोहण के साथ हुआ आयोजन
आज़मगढ़, शिवा महाविद्यालय, तेरही में दिनांक 18 फरवरी से 22 फरवरी 2026 तक आयोजित होने वाले रोवर्स/रेंजर्स प्रवेश प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ महाविद्यालय...

आज़मगढ़, शिवा महाविद्यालय, तेरही में दिनांक 18 फरवरी से 22 फरवरी 2026 तक आयोजित होने वाले रोवर्स/रेंजर्स प्रवेश प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ महाविद्यालय...
आज़मगढ़, शिवा महाविद्यालय, तेरही में दिनांक 18 फरवरी से 22 फरवरी 2026 तक आयोजित होने वाले रोवर्स/रेंजर्स प्रवेश प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ महाविद्यालय परिसर में विधिवत ध्वजारोहण के साथ किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन आदरणीय प्राचार्य द्वारा किया गया, जिन्होंने ध्वजारोहण कर शिविर की औपचारिक शुरुआत की।
अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में प्राचार्य प्रो.संत कुमार यादव ने कहा कि रोवर्स-रेंजर्स शिविर छात्रों के सर्वांगीण विकास के लिए अत्यंत आवश्यक है। इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रतिभागियों में भातृत्व भाव, अनुशासन, रचनात्मकता तथा राष्ट्र निर्माण में सक्रिय सहभागिता की भावना को विकसित करते हैं। उन्होंने कहा कि स्काउट-गाइड आंदोलन युवाओं को सेवा, त्याग और नेतृत्व का पाठ पढ़ाता है, जो उनके व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
शिविर के प्रथम दिवस भारत स्काउट गाइड के अनुभवी प्रशिक्षकों द्वारा प्रतिभागियों को दल संचालन, कैम्प के नियमों, ध्वज शिष्टाचार तथा मार्च पास्ट से संबंधित गतिविधियों का व्यवहारिक प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण सत्रों के माध्यम से छात्रों में नेतृत्व क्षमता, टीम वर्क, समय प्रबंधन और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को विकसित करने पर विशेष बल दिया गया। परिसर में अनुशासन एवं उत्साह का वातावरण दृष्टिगोचर हुआ।
शिविर का सफल संचालन रेंजर प्रभारी सुश्री आशिया बानो एवं रोवर्स प्रभारी डॉ. विजय नारायण दूबे के निर्देशन में किया जा रहा है। दोनों प्रभारियों ने प्रतिभागियों को शिविर के उद्देश्यों एवं कार्यक्रम की रूपरेखा से अवगत कराते हुए सक्रिय सहभागिता का आह्वान किया।
कार्यक्रम में महाविद्यालय के समस्त प्राध्यापकगण, कर्मचारी एवं छात्र-छात्राओं की उल्लेखनीय उपस्थिति रही। शिविर आगामी दिनों में विविध प्रशिक्षण सत्रों, सेवा गतिविधियों एवं सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से छात्रों के व्यक्तित्व विकास की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।यह प्रशिक्षण शिविर न केवल छात्रों को अनुशासन और नेतृत्व की शिक्षा प्रदान करेगा, बल्कि उन्हें सामाजिक सरोकारों से जोड़ते हुए राष्ट्रहित में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए भी प्रेरित करेगा।





