एमएसडीयू में ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ के तहत व्याख्यान एवं जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित
आजमगढ़, 30 जुलाई। महाराजा सुहेल देव विश्वविद्यालय (एमएसडीयू), आजमगढ़ में ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ के अंतर्गत जनजागरूकता व्याख्यान कार्यक्रम का आयोजन...

आजमगढ़, 30 जुलाई। महाराजा सुहेल देव विश्वविद्यालय (एमएसडीयू), आजमगढ़ में ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ के अंतर्गत जनजागरूकता व्याख्यान कार्यक्रम का आयोजन...
आजमगढ़, 30 जुलाई। महाराजा सुहेल देव विश्वविद्यालय (एमएसडीयू), आजमगढ़ में ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ के अंतर्गत जनजागरूकता व्याख्यान कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कुलपति प्रो. संजीव कुमार के निर्देशन में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना तथा नशामुक्त समाज के निर्माण के लिए प्रेरित करना रहा।
कार्यक्रम के प्रारंभ में अभियान समिति के अध्यक्ष प्रो. अजीत प्रसाद राय ने अपने उद्बोधन में कहा कि नशा आज युवाओं के भविष्य के सामने सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक है। समाज, परिवार और शैक्षणिक संस्थानों को मिलकर इसके विरुद्ध व्यापक जनजागरण चलाना होगा। उन्होंने विद्यार्थियों से स्वयं नशे से दूर रहने तथा दूसरों को भी इसके दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करने का आह्वान किया।
समिति के सदस्य डॉ. देवेंद्र पाण्डेय ने अपने संबोधन में कहा कि नशा व्यक्ति की सोच, स्वास्थ्य और सामाजिक जीवन को नष्ट कर देता है। युवाओं को शिक्षा, खेल, सांस्कृतिक एवं रचनात्मक गतिविधियों से जोड़कर ही नशामुक्त भारत के लक्ष्य को साकार किया जा सकता है।
व्याख्यान कार्यक्रम के उपरांत कुलपति प्रो. संजीव कुमार ने उपस्थित शिक्षकों, कर्मचारियों एवं छात्र-छात्राओं को नशा न करने तथा समाज को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने का संकल्प दिलाया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा, "नशा केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को ही नहीं, बल्कि पूरे परिवार और समाज को भी प्रभावित करता है। विश्वविद्यालय की जिम्मेदारी है कि वह युवाओं को नशे जैसी सामाजिक बुराई से दूर रखकर उन्हें राष्ट्र निर्माण की मुख्यधारा से जोड़े। 'नशा मुक्त भारत अभियान' इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।"
कार्यक्रम का संचालन डॉ. मनीषा सिंह ने किया। इस अवसर पर अभियान समिति के सदस्य डॉ. शशि प्रकाश शुक्ल, डॉ. परमानन्द पाण्डेय, डॉ. हरेंद्र सिंह प्रजापति, डॉ. सचिन राय, आदर्श मिश्रा, शांभवी तिवारी, सूर्य प्रकाश अग्रहरी तथा सदस्य सचिव एवं सहायक कुलसचिव चन्दन कुमार सहित बड़ी संख्या में शिक्षक, कर्मचारी एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।विश्वविद्यालय प्रशासन ने बताया कि अभियान के अंतर्गत आगामी दिनों में संगोष्ठियों, कार्यशालाओं, नुक्कड़ नाटकों, पोस्टर प्रतियोगिताओं, जनजागरूकता व्याख्यानों तथा रैलियों का आयोजन कर विद्यार्थियों एवं आमजन को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया जाएगा।





