भाषा विश्वविद्यालय में चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार, अब एरा और कैरियर के चिकित्सक देंगे सेवाएं
लखनऊ। ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय ने विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं कर्मचारियों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक...

लखनऊ। ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय ने विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं कर्मचारियों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक...
लखनऊ। ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय ने विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं कर्मचारियों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। विश्वविद्यालय में चिकित्सा सुविधा को और मजबूत करते हुए अब एरा मेडिकल यूनिवर्सिटी एवं कैरियर मेडिकल कॉलेज के साथ हुए एमओयू के तहत चिकित्सकीय सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
इससे पहले विश्वविद्यालय का एमओयू हिंद मेडिकल कॉलेज के साथ था, जिसके तहत एक चिकित्सक प्रतिदिन विश्वविद्यालय की डिस्पेंसरी में अपनी सेवाएं देते थे। अब नई व्यवस्था के अंतर्गत एरा मेडिकल यूनिवर्सिटी एवं कैरियर मेडिकल कॉलेज के चिकित्सक एवं नर्सिंग स्टाफ विश्वविद्यालय में सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक उपलब्ध रहेंगे।
नई व्यवस्था के तहत विश्वविद्यालय की डिस्पेंसरी में विद्यार्थियों एवं विश्वविद्यालय परिवार को सामान्य स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के लिए प्राथमिक उपचार की सुविधा मिलेगी। यहां ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर सहित आवश्यक शुरुआती जांच की सुविधा उपलब्ध रहेगी। इसके अलावा प्राथमिक उपचार में उपयोग होने वाली आवश्यक दवाएं भी डिस्पेंसरी में उपलब्ध रहेंगी।
यदि किसी विद्यार्थी या कर्मचारी को प्राथमिक उपचार से आगे विशेषज्ञ चिकित्सा की आवश्यकता होती है, तो उसे बेहतर उपचार के लिए कैरियर मेडिकल कॉलेज रेफर किया जा सकेगा। आपातकालीन परिस्थितियों में मरीज को अस्पताल तक शीघ्र पहुंचाने के लिए विश्वविद्यालय में 24 घंटे, सातों दिन (24×7) एंबुलेंस सेवा उपलब्ध रहेगी।
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. अजय तनेजा ने कहा कि विद्यार्थियों का स्वास्थ्य और सुरक्षा विश्वविद्यालय की प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा, “हमारा प्रयास है कि विश्वविद्यालय परिवार को परिसर में ही समय पर और गुणवत्तापूर्ण प्राथमिक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो। नई व्यवस्था के तहत चिकित्सकों एवं नर्सिंग स्टाफ की नियमित उपलब्धता से विद्यार्थियों को काफी सुविधा मिलेगी। सामान्य स्वास्थ्य समस्याओं की प्राथमिक जांच और उपचार विश्वविद्यालय की डिस्पेंसरी में ही हो सकेगा और जरूरत पड़ने पर उन्हें विशेषज्ञ उपचार के लिए संबद्ध चिकित्सा संस्थान तक पहुंचाने की व्यवस्था भी सुनिश्चित की गई है।”
कुलपति ने कहा कि 24×7 एंबुलेंस सेवा की उपलब्धता विशेष रूप से आपातकालीन परिस्थितियों में महत्वपूर्ण साबित होगी। इससे किसी भी आकस्मिक स्थिति में मरीज को बिना समय गंवाए उचित चिकित्सा केंद्र तक पहुंचाया जा सकेगा।
विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, चिकित्सा सुविधाओं के इस विस्तार का उद्देश्य परिसर में विद्यार्थियों के लिए सुरक्षित, स्वस्थ और बेहतर शैक्षणिक वातावरण सुनिश्चित करना है। नई व्यवस्था से विश्वविद्यालय में अध्ययनरत छात्रों को नियमित स्वास्थ्य परामर्श के साथ-साथ प्राथमिक जांच, उपचार और आवश्यकता पड़ने पर उच्च स्तरीय चिकित्सा सुविधा तक त्वरित पहुंच प्राप्त होगी।





