मकर सक्रांति 15 जनवरी से शुरू होगा शादी -विवाह का सीजन

  • whatsapp
  • Telegram
मकर सक्रांति 15 जनवरी से शुरू होगा शादी -विवाह का सीजन
X

लगन मुहूर्त की दृष्टि से नया साल 2023 भी खूब समृद्ध है। अबकी तीन लगनी सीजन में 92 लगन-मुहूर्त मिल रहे। हैं। इसमें मांगलिक कार्य विवाहादि के खूब मौके होंगे। इससे पूरे साल खूब बरातें सजेंगी।



प्रख्यात ज्योतिषाचार्य पं. ऋषि द्विवेदी के अनुसार ...........

जनवरी (11 मुहूर्त) : 15, 16, 17, 18, 19, 20, 25, 26, 27 • फरवरी ( 18 मुहूर्त) : 1, 6, 7, 8, 9, 10, 11, 12, 13, 14, 15, 16, 17, 22, 23, 24, 27, 28

● मार्च (12 मुहूर्त) : 1, 2, 4, 6, 7, 8, 9, 10, 11, 12, 13, 14

• मई (20 मुहूर्त) 2, 3, 4, 5, 6, 7, 8, 9, 10, 11, 15, 16, 20, 21, 22, 27, 28, 29, 30, 31

• जून (16 मुहूर्त) 1, 3, 4, 5, 6, 7, 11, 12, 13, 22, 23, 25, 26, 27, 28, २९

● नवंबर (चार मुहूर्त) 24, 27,28, 29

● दिसंबर ( 11 मुहूर्त) 3, 4, 5, 6, 7, 8, 9, 13, 14, 15, 16

प्रख्यात ज्योतिषाचार्य पं. ऋषि द्विवेदी के अनुसार लगनी सीजन का आरंभ मकर संक्रांति पर 15 जनवरी से शुरू हो रहा है जो 14 अप्रैल तक चलेगा। इस अवधि में 41 लगन मुहूर्त मिलेंगे। इसके बाद खरमास लग जाएगा। सूर्य से मीन राशि पर संचरण पर्यंत मेष राशि पर 14 अप्रैल को खरमास समाप्ति होगी। हालांकि खरमास का समापन गुरु अस्त में हो रहा है। इससे मुहूर्त का अभाव रहेगा। गुरु उदित होने पर फिर लग्न मुहूर्त का आरंभ जो मई से होगा जो 29 जून तक चलेगा। इस अवधि में 36 मुहूर्त होंगे।.

आषाढ़ शुक्ल एकादशी अर्थात हरिशयनी एकादशी 29 जून से भगवान विष्णु के क्षीर सागर पर शयन के कारण चातुर्मास प्रारंभ हो जाएगा। इससे चार मास तक विवाहादि मांगलिक कार्यों पर विराम लग जाएगा। चातुर्मास की समाप्ति यह कार्तिक शुक्ल एकादशी हरि प्रबोधिनी एकादशी 23 नवंबर को होगी। इसके बाद एक बार फिर विवाहादि कार्य आरंभ होगे। हालांकि तीसरे सत्र विवाहादि के मौके कम मिलेंगे। कारण यह कि नवंबर में चार व दिसंबर में 11 मुहूर्त हैं। वहीं 17 दिसंबर से एक बार फिर खरमास लग जाएगा। इसके बाद 2024 के नववर्ष में ही लग्न मुहुर्त मिलेंगे।

Next Story
Share it