भारत-सिंगापुर ने आतंकवाद का मुकाबला करने के लिए द्विपक्षीय सहयोग मजबूत करने पर जोर दिया
भारत और सिंगापुर ने रणनीतिक साझेदार के रूप में आतंकवाद का मुकाबला करने के लिए द्विपक्षीय सहयोग के महत्व पर बल दिया। आतंकवाद और अंतरराष्ट्रीय अपराध से...

भारत और सिंगापुर ने रणनीतिक साझेदार के रूप में आतंकवाद का मुकाबला करने के लिए द्विपक्षीय सहयोग के महत्व पर बल दिया। आतंकवाद और अंतरराष्ट्रीय अपराध से...
भारत और सिंगापुर ने रणनीतिक साझेदार के रूप में आतंकवाद का मुकाबला करने के लिए द्विपक्षीय सहयोग के महत्व पर बल दिया। आतंकवाद और अंतरराष्ट्रीय अपराध से निपटने के लिए गठित संयुक्त कार्य समूह की पांचवीं बैठक कल नई दिल्ली में सम्पन्न हुई। संयुक्त कार्य समूह ने सीमा पार आतंकवाद सहित आतंकवाद के सभी रूपों और अभिव्यक्तियों की स्पष्ट और कड़ी निंदा करते हुए आतंकवाद के प्रति शून्य सहिष्णुता के सिद्धांत को दोहराया।
इसने पिछले वर्ष 22 अप्रैल को हुए पहलगाम आतंकी हमले और पिछले वर्ष 10 नवंबर को नई दिल्ली के लाल किले के पास हुई आतंकी घटना की भी निंदा की। संयुक्त कार्य समूह इस बात पर सहमत हुआ कि आतंकवाद का सामना करने के लिए सतत और व्यापक तरीके से समन्वित कार्रवाई की आवश्यकता है। दोनों देशों ने संयुक्त राष्ट्र, आसियान, वित्तीय कार्रवाई बल और क्षेत्र में बहुपक्षीय सहयोग को मजबूत करने की अपनी प्रतिबद्धता को भी दोहराया। इस बैठक में सीमा पार से आने वाले खतरों के प्रति त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित करने के लिए सूचना साझाकरण को और मजबूत करने की आवश्यकता पर भी सहमति बनी।





