बीजापुर के धर्मारम कैंप पर माओवादी द्वारा बीजीएल से हमला
बीजापुर (Rns):-- बीजापुर जिले की सीमा पर स्थित धर्मारम पुलिस कैंप पर लगभग 300 से ज्यादा माओवादियों ने 16 जनवरी को करीब एक हजार बीजीएल (बैरल ग्रेनेड...


बीजापुर (Rns):-- बीजापुर जिले की सीमा पर स्थित धर्मारम पुलिस कैंप पर लगभग 300 से ज्यादा माओवादियों ने 16 जनवरी को करीब एक हजार बीजीएल (बैरल ग्रेनेड...
बीजापुर (Rns):-- बीजापुर जिले की सीमा पर स्थित धर्मारम पुलिस कैंप पर लगभग 300 से ज्यादा माओवादियों ने 16 जनवरी को करीब एक हजार बीजीएल (बैरल ग्रेनेड लॉन्चर) दागे थे। पुलिस ने सर्चिग के दौरान कैंप के पास से करीब 300 बीजीएल के जिंदा सेल बरामद किया है। कैंप लूटने की नियत से यह हमला किया गया था। कैंप पर हमले के बाद दोनों तरफ से लगभग 5 घंटे तक गोलीबारी हुई। इस जवाबी कार्रवाई में कोबरा की 204 वीं और सीआरपीएफ की 151वीं बटालियन के जवानों ने 3 माओवादियों को ढेर कर दिया। जिसकी पुष्टि खुद नक्सलियों ने प्रेस नोट जारी कर किया था।
बताया जा रहा है कि धर्मारम पुलिस कैंप के अंदर घुसने के लिए माओवादियों ने कैंप हमले पर नया तरीका अपनाते हुए जंगली घास से बने विशेष पोशाक पहना था। कटर से कैम्प की सुरक्षा के लिए घेरे गए कंटीले तार को काटकर वे अंदर प्रवेश होने की फिराक में थे। लेकिन जवानों की मुस्तैदी से कैंप पर बड़ा हमला टल गया। एएसपी पुलिस अधिकारी ने बताया कि माओवादियों ने जीबीएल से हमले किये, लेकिन उनके नापाक इरादे असफल रहे। माओवादियों ने बड़ी संख्या में जवानों को मारने और घायल करने का भी दावा किया था। मिली जानकारी अनुसार मुठभेड़ दिन माओवादी अपने तीनों साथियों के शवों को घसीटते हुए अपने साथ लेकर चले गए। सुरक्षित जंगली क्षेत्र में इन तीनों माओवादियों के शवों का अंतिम संस्कार भी कर दिया। माओवादियों के द्वारा अपने साथियों के मारे की पुष्टि करते हुए इसे सरकार को दोषी ठहराया है।