शंभू गर्ल्स हॉस्टल कांड: पीड़ित परिवार से मिले डिप्टी सीएम विजय सिन्हा
पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में नीट (NEET) की तैयारी कर रही एक मेधावी छात्रा की संदिग्ध मौत और उसके साथ हुई अमानवीय दरिंदगी की घटना ने पूरे बिहार को...

पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में नीट (NEET) की तैयारी कर रही एक मेधावी छात्रा की संदिग्ध मौत और उसके साथ हुई अमानवीय दरिंदगी की घटना ने पूरे बिहार को...
पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में नीट (NEET) की तैयारी कर रही एक मेधावी छात्रा की संदिग्ध मौत और उसके साथ हुई अमानवीय दरिंदगी की घटना ने पूरे बिहार को झकझोर कर रख दिया है। इस जघन्य घटना के 15 दिन बाद मंगलवार की शाम बिहार के उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा जहानाबाद जिले के पतियावां गांव पहुंचे और पीड़ित छात्रा के परिजनों से मुलाकात की।
डिप्टी सीएम के गांव पहुंचते ही माहौल शोकाकुल हो गया। उन्होंने छात्रा के माता-पिता से मिलकर गहरी संवेदना व्यक्त की और इस दुख की घड़ी में उन्हें ढांढस बंधाया। इस दौरान उन्होंने घटना से जुड़ी पूरी जानकारी भी विस्तार से ली।
मीडिया से बातचीत में उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने कहा कि सरकार इस मामले को अत्यंत संवेदनशीलता से देख रही है और पीड़ित परिवार के साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि इस कांड में शामिल किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे उसका प्रभाव या रसूख कितना ही बड़ा क्यों न हो।
उन्होंने इस घटना को समाज के लिए कलंक बताते हुए कहा कि यह मामला बेहद जघन्य और शर्मनाक है। जांच को लेकर उपमुख्यमंत्री ने कहा कि प्रारंभिक स्तर पर पुलिस की लापरवाही सामने आई है, जिसे सरकार ने गंभीरता से लिया है। इस लापरवाही के चलते दो निचले स्तर के पुलिस अधिकारियों को निलंबित किया जा चुका है।
डीएनए जांच को लेकर उठ रहे सवालों पर उन्होंने स्पष्ट किया कि परिजनों के ब्लड सैंपल लेना एक वैज्ञानिक और पारदर्शी प्रक्रिया का हिस्सा है, जिससे दोषियों के खिलाफ ठोस और पुख्ता साक्ष्य जुटाए जा सकें। उन्होंने यह भी दोहराया कि सरकार पीड़ित परिवार को हर संभव आर्थिक और कानूनी सहायता प्रदान करेगी।





