मोबाइल की स्क्रीन से आंखों को बचाने की मुहिम, भाषा विश्वविद्यालय में छात्राओं की नि:शुल्क नेत्र जांच
लखनऊ, 27 सितंबर। मोबाइल और डिजिटल स्क्रीन के बढ़ते इस्तेमाल के बीच आंखों की सुरक्षा को लेकर ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय, लखनऊ ने...

लखनऊ, 27 सितंबर। मोबाइल और डिजिटल स्क्रीन के बढ़ते इस्तेमाल के बीच आंखों की सुरक्षा को लेकर ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय, लखनऊ ने...
लखनऊ, 27 सितंबर। मोबाइल और डिजिटल स्क्रीन के बढ़ते इस्तेमाल के बीच आंखों की सुरक्षा को लेकर ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय, लखनऊ ने छात्राओं को जागरूक करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की। सेवा संकल्प अभियान-2026 एवं नशा मुक्ति भारत अभियान के अंतर्गत रविवार को रानी लक्ष्मीबाई महिला छात्रावास में ट्यूलिप आई वेयर, कैसरबाग के सहयोग से नि:शुल्क नेत्र परीक्षण शिविर आयोजित किया गया।
शिविर में बड़ी संख्या में छात्राओं की आंखों की नि:शुल्क जांच की गई। ट्यूलिप आई वेयर की विशेषज्ञ टीम ने छात्राओं को आंखों की सुरक्षा, स्वच्छता और नियमित देखभाल के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी। साथ ही मोबाइल फोन एवं अन्य डिजिटल स्क्रीन के अत्यधिक इस्तेमाल से बचने तथा स्क्रीन टाइम को संतुलित रखने के लिए जागरूक किया गया।
इस अवसर पर कुलपति प्रो. अजय तनेजा ने कहा कि आज के डिजिटल युग में मोबाइल और स्क्रीन विद्यार्थियों के जीवन का अभिन्न हिस्सा बन चुके हैं। ऐसे में आंखों के स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि भाषा विश्वविद्यालय विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ-साथ स्वस्थ एवं सुरक्षित जीवनशैली के प्रति जागरूक करने के लिए भी प्रतिबद्ध है। सेवा संकल्प अभियान के माध्यम से विद्यार्थियों के स्वास्थ्य और सामाजिक सरोकारों से जुड़े कार्यक्रमों को निरंतर आगे बढ़ाया जा रहा है।
उन्होंने छात्राओं से अपील की कि वे मोबाइल और डिजिटल स्क्रीन का इस्तेमाल आवश्यकता के अनुसार और संतुलित रूप से करें तथा आंखों में किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर समय रहते विशेषज्ञ से परामर्श लें।
आंखों की देखभाल के लिए दिए गए जरूरी टिप्स
विशेषज्ञों ने छात्राओं को सलाह दी कि मोबाइल या कंप्यूटर स्क्रीन का लगातार लंबे समय तक इस्तेमाल न करें और बीच-बीच में आंखों को आराम दें। पर्याप्त रोशनी में मोबाइल का इस्तेमाल करें तथा स्क्रीन को आंखों से उचित दूरी पर रखें। आंखों को बार-बार रगड़ने से बचें और आंखों की स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें। नियमित नींद, पर्याप्त पानी और संतुलित आहार भी आंखों के स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण हैं।
कार्यक्रम में कुलसचिव श्री विकास, महिला छात्रावास की वार्डन डॉ. ममता शुक्ला, पुरुष छात्रावास के वार्डन डॉ. उधम सिंह, विधि अध्ययन संकाय के संकायाध्यक्ष डॉ. पीयूष कुमार त्रिवेदी, डॉ. राज कुमार सिंह सहित विश्वविद्यालय के शिक्षक, अधिकारी एवं बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं।
विश्वविद्यालय परिवार ने छात्राओं के स्वास्थ्य एवं नेत्र सुरक्षा के लिए इस नि:शुल्क शिविर के आयोजन में सहयोग करने के लिए ट्यूलिप आई वेयर, कैसरबाग के संस्थापक श्री मुकेश महाराज के प्रति आभार व्यक्त किया। विश्वविद्यालय प्रशासन ने कहा कि विद्यार्थियों के स्वास्थ्य, जागरूकता और बेहतर जीवनशैली से जुड़े ऐसे कार्यक्रम भविष्य में भी निरंतर आयोजित किए जाएंगे।





