लखनऊ में शनिवार को 42 लोगों की मौत परंतु रिकवरी रेट में 5799 लोग सुरक्षित घर पहुंचे।

लखनऊ में शनिवार को 42 लोगों की मौत परंतु रिकवरी रेट में 5799 लोग सुरक्षित घर पहुंचे।


उत्तर प्रदेश मे बारिश के संक्रमण का प्रभाव और तेज होता जा रहा है शनिवार को आए रिपोर्ट की मानें तो आंकड़े बेहद डरावने हैं। रिपोर्ट के मुताबिक शनिवार को कोरोनावायरस के संक्रमण के कारण सिर्फ राजधानी में 42 लोगों की मौतें हुई। आपको बता दें कि शुक्रवार को यह आंकड़े सिर्फ 14 की संख्या में थे। आपको बता दें कि वायरस से मरने वालों की संख्या इस कदर बढ़ गई है कि शमशान जैसी जगह पर अब लाश जलाने की जगह नहीं बची है,और परिजन लाश को लेकर इधर-उधर दौड़ रहे हैं।

आपको बता दें कि स्वास्थ्य मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार लखनऊ में जिस तेजी से महामारी का इजाफा हो रहा है उतनी ही तेजी से मरीज ठीक हो कर घर भी लौट रहे हैं। डॉक्टर विशेषज्ञों का कहना है कि अभी 3 हफ्ते लखनऊ के लिए अहम साबित हो सकते हैं।

आपको बता दें कि बीते शनिवार को 5461 लोगों में संक्रमण की पुष्टि की गई थी, जिनमें 30000 लोगों के नमूने लिए गए। स्वास्थ्य अधिकारियों का कहना है कि सबसे ज्यादा कॉन्ट्रैक्ट ड्रेसिंग के नमूने लिए जा रहे हैं। इसी के साथ उन्होंने बताया कि जहां एक तरफ मरीजों की संख्या में इजाफा हो रहा है वहीं दूसरी तरफ आज रिकवरी रेट को लेकर राहत पाई गई है क्योंकि लखनऊ में आज 5799 लोग स्वस्थ होकर घर गए हैं।

गौरतलब है कि कोरोना संक्रमण से होने वाली मौतों का आंकड़ा शनिवार को तीन गुना जा पहुंचा। शुक्रवार को कोरोना से राजधानी में 14 मौतें दर्ज की गईं तो शनिवार को यह आंकड़ा 42 पर जा पहुंचा। इन मरीजों का केजीएमयू, लोहिया, पीजीआई, एरा समेत दूसरे अस्पतालों में इलाज चल रहा था। मौतों का इतना बड़ा आंकड़ा देखकर सरकार भी लगातार लोगों की जान बचाने का प्रयास कर रही है। आंकड़ों के अनुसार लखनऊ में सबसे ज्यादा मौतें ऑक्सीजन की कमी के कारण दर्ज की गई थी,जबकि आज लखनऊ में ऑक्सीजन एक्सप्रेस ट्रेन के जरिए 60000 लीटर तक ऑक्सीजन पहुंचाई गई है।

नेहा शाह

Next Story
Share it