सीजेआई चंद्रचूड़ ने लोगों से की वोट डालने की अपील, कहा कि पांच साल में पांच मिनट देश के लिए निकाले
देश के मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) डी.वाई. चंद्रचूड़ ने लोगों से मतदान करने की अपील की और कहा कि संवैधानिक लोकतंत्र में यह 'सबसे महत्वपूर्ण कर्तव्य है। भारीतय निर्वाचन आयोग के 'मेरा वोट, मेरी आवाज अभियान के तहत जारी अपने वीडियो संदेश में सीजेआई चंद्रचूड़ ने लोगों से अपील की है कि वे चुनाव में मतदान करने का अवसर से नहीं चूकें। उन्होंने कहा कि हम दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र के नागरिक हैं, जो कि हमारा देश है।
सीजेआई चंद्रचूड़ ने कहा कि 'मैं आप सभी से आग्रह करूंगा कि कृपया हमारी महान मातृभूमि के नागरिक के रूप में जिम्मेदारी से मतदान करने का यह अवसर न चूकें। उन्होंने कहा कि 'हर पांच साल में पांच मिनट, हमारे देश के लिए। यह किया जा सकता है, है ना? आइए, गर्व के साथ मतदान करें। मेरा वोट, मेरी आवाज। उन्होंने यह भी कहा कि संविधान नागरिक के रूप में हमें कई अधिकार देता है, लेकिन इसके साथ ही यह भी अपेक्षा करता है कि हर कोई उसे सौंपा गया अपना कर्तव्य निभाए। संवैधानिक लोकतंत्र में नागरिकता के सबसे महत्वपूर्ण कर्तव्यों में से एक कर्तव्य मतदान करना है।
मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि सरकार चुनने में नागरिकों की सहभागी भूमिका होती है और इसीलिए कहा जाता है कि 'लोगों की, लोगों द्वारा, लोगों के लिए सरकार है। उन्होंने कहा है कि जब वह पहली बार मतदाता बने थे और मताधिकार का प्रयोग करने के लिए मतदान केंद्र पर कतार में खड़े हुए थे, तब वह कितने उत्साहित थे। सीजेआई ने कहा कि जब मैं वोट देता हूं तो उंगली पर लगने वाली स्याही देशभक्ति और राष्ट्र के साथ जुड़ाव की जबरदस्त भावना पैदा करती है...। मुख्य न्यायाधीश चंद्रचूड़ ने अपने संदेश में कहा कि इसलिए हमारा संविधान और हमारा कानून एक नागरिक, एक वोट और एक मूल्य का प्रावधान करता है। मुझे लगता है कि संवैधानिक लोकतंत्र के रूप में यह हमारे देश की महान दृढ़ता और शक्ति है। उन्होंने कहा कि जब वह वकील थे और उन्हें काम के लिए इधर-उधर भागना पड़ता था, तब भी वह वोट डालने का अपना कर्तव्य निभाने से कभी नहीं चूके।