ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय में एआई एवं आईओटी पर कार्यशाला का सफल आयोजन
ख़्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय, लखनऊ के फैकल्टी ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी के अंतर्गत कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग (CSE) विभाग द्वारा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) एवं इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT) विषय पर एक ज्ञानवर्धक कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया।
यह कार्यशाला सैमसंग इनोवेशन कैंपस के साथ हुए समझौता ज्ञापन (MoU) के अंतर्गत आयोजित की गई। यह एक दीर्घकालिक शैक्षणिक कार्यक्रम का हिस्सा है, जिस पर पिछले कई महीनों से योजनाबद्ध रूप से कार्य किया जा रहा है। आयोजित कार्यशाला इस कार्यक्रम की प्रथम आधिकारिक कार्यशाला रही।
कार्यशाला का संचालन विशेषज्ञ डॉ. सचिन कुमार एवं श्री योगेश जोशी द्वारा किया गया। उन्होंने एआई एवं आईओटी की नवीनतम तकनीकों, उनके व्यावहारिक अनुप्रयोगों तथा उद्योग जगत में उनकी बढ़ती उपयोगिता और संभावनाओं पर विस्तार से प्रकाश डाला। विद्यार्थियों को हैंड्स-ऑन प्रशिक्षण के माध्यम से वास्तविक जीवन से जुड़े उदाहरणों द्वारा तकनीक से जोड़ा गया।
इस कार्यशाला में विश्वविद्यालय के विभिन्न पाठ्यक्रमों से 200 से अधिक विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रतिभागियों में सीएसई, सीएसई (एआई एवं एमएल), सीएसई (एआई एवं डीएस) तथा बीसीए के छात्र-छात्राएँ शामिल रहे।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को उभरती हुई भविष्य की तकनीकों से परिचित कराना तथा उन्हें उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप सक्षम एवं इंडस्ट्री-रेडी बनाना रहा। इस अवसर पर यह भी जानकारी दी गई कि एआई एवं आईओटी से संबंधित ऐसी कार्यशालाएँ भविष्य में नियमित रूप से आयोजित की जाएँगी, जिससे विद्यार्थियों को निरंतर तकनीकी मार्गदर्शन प्राप्त हो सके।
कार्यक्रम की संयोजक डॉ. शान-ए-फातिमा रहीं। विश्वविद्यालय के माननीय कुलपति प्रो. अजय तनेजा का मार्गदर्शन एवं समर्थन आयोजन को प्राप्त हुआ। कार्यक्रम के सफल संचालन में विभागाध्यक्ष डॉ. सुमन कुमार मिश्रा, सहयोगी डॉ. हेमंत कुमार एवं डॉ. सायमा अलीम का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
कार्यशाला के समापन पर विद्यार्थियों ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे अत्यंत उपयोगी, ज्ञानवर्धक एवं प्रेरणादायक बताया।